• Mental harassment due to insults by previous junior female staff

सर मेरा नाम दिनेश गुप्ता है, एक प्राइवेट कंपनी में सीनियर अकाउंटेंट के पद पर कार्य कर रहा हूँ. सप्तम्बर 2018 में mere यहाँ पर एक लड़की जूनियर अकाउंटेंट से पद पर काम करने आई, मैंने अपने विभाग में ज्वाइन करवाया , और काम सिखाया , जब भी इन्होने अवकाश लेने के लिए आवेदन किया , अवकाश भी दिलवाया , सैलरी एडवांस मांगी तो एडवांस भी दिलवाया , और केवल प्रोफेशनल व्यव्हार ही किया , किसी भी तरह का दोस्ताना , हिलना मिलाना , बातचीत करना इधर उधर की बातें बनाना नहीं किया , बिना बताये अवकाश पर चले जाना और काम के प्रति लापरवाही काफी हद तक बर्दाश्त किया। रोज के काम के दौरान कभी भी गलतिया हो जाती तो डांटा भी नहीं, केवल गलतियों को सुधारने का तरीका बताया , कभी ऊंची आवाज में बात नहीं की , या कभी ऐसा कोई काम नहीं किया जिससे इनको बेइज्जती महसूस हो। परन्तु दिसंबर 2017 में इन्होने नौकरी छोड़ने की बात कही तो मैंने कहा की "जैसी आपकी इच्छा, आप नौकरी छोड़कर जाना चाहते हो तो जा सकते हो", ये नौकरी छोड़कर गयी भी , पर कंपनी के डायरेक्टर सर के कहने पर इन्होने वापस नौकरी को ज्वाइन कर लिया। फेब्रुअरी 2018 में holi की छुट्टियों के लिए घर गयी और वापस नहीं आई , मुझे डायरेक्टर सर द्वारा आदेश दिया गया की ये मेडम वापस कब तक आएंगी पूछ कर बताओ मैंने फ़ोन किया तो फ़ोन का पर कोई जवाब नहीं आया , तो मैंने मैसेज किया कि " कृपया अपनी छुट्टियों के लिए कंपनी के HR को सूचित करो।" इन्होने पलट कर मैसेज पर जवाब भेजा की " कृपया आप अपने बकाया राशि का भुगतान करें , मुझे यह राशि अपनी बहन को भुगतान करनी है" इसके बाद मेने इनसे अकाउंट डिटेल्स मांगी और बकाया 1750/- रूपये राशि भी सुनिश्चित की ताकि में इनके बकाया का भुगतान कर सकू.. मान्यवर मेने इनसे ये भी कहा की आप अपने बहन का अकाउंट नंबर दे दो ताकि बकाया राशि में सीधे ही इनके अकाउंट में जमा करवा दू। इन्होने जानकारी देने से मन कर दिया और काफी कुछ अनाप सनाब कह भी दिया , जिसका मुझे कोई अफ़सोस भी नहीं , और अपनी इस गलती के लिए माफ़ी भी मांगी। इसके बाद इन्होने खुद ही मैसेज करके ये जानकारी दी कि इनकी माता जी का ऑपरेशन है, और [deleted] को ही इसी मैसेज में ये बताया की इनके पिता जी का एक्सीडेंट हो गया है ,मेने मैसेज पढ़ा और तुरंत ही बैंक जाकर इनके यूको बैंक अकाउंट में कॅश जमा करवादी और इन्हे सूचना भी दी। इन्हे सूचना देने के बाद मेने इनसे कोई बात नहीं की। 09 मार्च 2018 को डायरेक्टर सर के कहने पर ही मेने व्हाट्सप्प मैसेज के द्वारा इनसे वापस आने के बारे में पुछा और साथ ही इनके माता पिता की तबियत के बारे में पुछा। पर इन्होने कोई जवाब नहीं दिया। 10 मार्च 2018 को भी डायरेक्टर सर के कहने पर ही मेने व्हाट्सप्प मैसेज के द्वारा इनसे वापस आने के बारे में पुछा और साथ ही इनके माता पिता की तबियत के बारे में पुछा। पर इन्होने कोई जवाब नहीं दिया। कोई जवाब नहीं मिलने के बाद मैंने इनका फ़ोन नंबर [deleted] ko अपने फ़ोन से ब्लॉक कर दिया। मान्यवर 23-मार्च 2018 के बाद मेरी इनसे कोई बात नहीं हुई। 20 -अप्रेल -2018 से ये मेडम मुझे सैलरी के भुगतान के लिए खूब भला बुरा कह रही है , कंपनी डायरेक्टर और हर डिपार्टमेंट में मेरी झूठी शिकायत कर रही है , खूब उल्टा सीधा कह रही है, मुझे बेइज्जत कर रही है, 
वकील साहब आपसे निवेदन है की मुझे बताएं की क्या में इस लड़की के खिलाफ भारतीय दंड संहिता के सेक्शन ५०४ के अधीन मुक़दमा कर सकता हु या नहीं।
Asked 4 years ago in Criminal Law
Religion: Hindu

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9 Answers

Ji haan Sir aap ker sakte he.

Aur main kaafi acha lagga ke aap apne employees or colleagues ki kitni help kerta he.

Aap thane jaake complain de.

Phir thoda ruke or agar police kuch na karein toh 156(3) mein mazistrate court jaaye FIR ke liye.

Aap chahe toh mujhe Phone pe bhi baat ker sakte he Kanoon ke through.

Sanjay Baniwal
Advocate, South Delhi
5464 Answers
13 Consultations

5.0 on 5.0

सर 508 भारतीय दंड संहिता के साथ साथ 499 500 जो मान हानि (defamation) का compalint भी फ़ाइल कर सकते हो । आप सेक्शन 156(3) crpc मे मजिस्ट्रेट के पास डायरेक्ट कंप्लेकण्ट फ़ाइल करे।

इसके अलावा आप डेफमशन का दावा कर सकते हो और compensation क्लेम सकते हो

Shubham Jhajharia
Advocate, Ahmedabad
25516 Answers
179 Consultations

5.0 on 5.0

Please take note of the following -

1. It is clear that this lady has ill intention against you and is trying to use her gender as a weapon against you.

2. Since she has done no work at all in the company and knows that she can't claim the quality of her work so she is doing this sort of drama in your company especially in against you.

3. First among all, you should give a written complaint to the HR of your company stating what has all happened and why this lady and her arguments shall not be entertained.

4. Subsequent to that, get a police complaint lodged in against this lady for her false accusation and allegations in against you. Do not pursue this police complaint and let it be complaint only rather than making it a FIR.

5. In third step, send her a legal notice from your side by an advocate duly appointed to represent you asking her to apologies for all the false and fabricated story or else you will drag her to court for mental harassment and defamation seeking heavy compensation from her.

6. If she still continues with her drama then do not waste a single minute after the time lapse of notice period and move before the court for seeking compensation in against her staged false and fabricated story leading to mental harassment and defamation.

Pulkit Prakash
Advocate, Delhi
309 Answers
7 Consultations

5.0 on 5.0

Hello sir , you can register a police FIR for threatning and defamation under section 506 and 500 IPC

Hemant Chaudhary
Advocate, Gurgaon
4619 Answers
67 Consultations

4.9 on 5.0

If there was any written complaint against you by this lady employee to your Director or the management and if there is no truth as well if it was defamatory, then you can initiate proper legal action under section 500 IPC for a defamation case against her.

You need to have evidence to file a defamation case.

No case is maintainable on any oral complaint or hearsay information.

T Kalaiselvan
Advocate, Vellore
78097 Answers
1543 Consultations

5.0 on 5.0

Dear Client,

In your case, sec 504 do not attract instead sec 499 Defamation.

Yogendra Singh Rajawat
Advocate, Jaipur
21481 Answers
31 Consultations

4.4 on 5.0

This u to have to think before. You have submitted one sided version, Y some girl will file false complain against u, There must be some reason,

Has she complain of molestation/harassment ?

If yes than u should take your self lucky,that she has not filed police complain else full carrier, reputation finish.

Even in the end, u discharge from allegations, still the damage done cannot be recovered.

Manage the management, and finish the issue, u have no legal option against girl and if u insist her, she might go to extant to file criminal case against u.

And check your self for hitting poor rating.

Yogendra Singh Rajawat
Advocate, Jaipur
21481 Answers
31 Consultations

4.4 on 5.0

Yes, lekin aap ko Court mein file Karna padega. Offence non cognisable hai.

Prashant Nayak
Advocate, Mumbai
27267 Answers
88 Consultations

4.4 on 5.0

File private Complaint in court by appointing a lawyer and issue process.

Prashant Nayak
Advocate, Mumbai
27267 Answers
88 Consultations

4.4 on 5.0

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